Summer Shayari Garmi Shayari | गर्मी पर शायरी

Summer Shayari Garmi Shayari Massage SMS Quotes in Hindi

गर्मी के मौसम के लिए शायरी | गर्मी शायरी | समर शायरी

गर्मी आते ही चारो चिलचिलाती धुप मानो गर्म से जान ले लेगी, गर्मियों में धुप इतने तेज होते है की बाहर निकलना मुश्किल होता है और ऐसे में तेज गर्म हवाए और लू और गर्मी को ज्यादा बेअसर बना देती है तो ऐसे में इस गर्मी के लिए यहा Summer Shayari Garmi Shayari शेयर कर रहे है जिन्हें आप अपनों को भी शेयर कर सकते है

गर्मी के लिए गर्मी शायरी

Summer Shayari Garmi Shayari Massage SMS messages in Hindi

1.
जब सूरज देवता गर्मी बरसाएंगे
तभी तो मेरे दोस्त नहाने जाएंगे

2.
जो ठंडी में रजाई ढूंढ़ते थे
और ना नहाने का बहाना ढूंढते थे
अब वो साबुन पानी ढूंढ़ते हैं
और नहाने का बहाने ढूंढ़ते हैं

3.
गर्मियों को इतना बुरा भी मत कहो
मां-बाप गर्मियों में आइसक्रीम खाने से नहीं रोकते

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4.
अकेले ही अकेले
मन बहलाने का दिन आया है
सबसे छुप छुप के
पीठ खुजलाने का दिन आया है

Summer Shayari Garmi Shayari image 5.
चिलचिलाती धूप क्या आई
लड़कियों ने अपने दुपट्टे निकाल लिए

6.
तुझे भूलने की हसरत इतनी बढ़ चुकी है
कि तेरी यादों की धूप अब नहीं सताती

7.
तुझसे बिछड़ के भी खुश हैं हम
बदलावों की गर्मी ने,
इश्क का बर्फ पिघला दिया

8.
मौसम की गर्मी से बचकर रहो
लेकिन रिश्तों में गर्माहट बनाएं रहो

9.
मौसम बदल गया है
गर्म हवा चल रही है
तेरे दिल में आ जाने से
मेरी ज़िन्दगी बदल रही है

10.
हाल-ए-दिल कहा नहीं जाता
दर्द जुदाई का सहा नहीं जाता
उफ्फ ये गर्मी कब जाएगी
अब तुमसे दूर रहा नहीं जाता

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11.
चुभती जलती गर्मी सताए रे
फिर भी बिजली ना आए रे

12.
गुजरे कल को तन्हा बैठे देख रही हूं
मैं तेरी यादों की धूप सेंक रही हूं

13.
मुझसे मत कहना कि साथ ना दे सके हम
याद करो, दुखों की तपती धूप में
साथ तुमने ही तोड़ा था

14.
मुस्कुराती हुई रेत में
तपती धूप की छांव में
मैंने देखा किया तुम्हें
अपनी सोच के हर गांव में

15.
तो, ज्या चल रहा है?
पंखा, कूलर और ए.सी चल रहा है

16.
शक के बादल में
प्यार की धूप ढक गयी
अच्छी खासी थी मैं
दीवानी तेरी हो गयी

17.
गर्मी स्वेटर बेचने वालों की दुकान बंद करवाती है
तो आइस्क्रीम वालों की बिक्री बढ़ा भी देती है

18.
अब धूप निकल ही आई है तो
धूप में जमकर खेलो
ठंड में बहुत गर्मी चाहिए थी ना
लो, अब गर्मी को झेलो

19.
अपनी करतूत कैसे छिपाएंगे
रजाई में छुपकर बात करने वाले
अब अपने सोना बाबू से
कैसे बात कर पाएंगे

20.
आज समझ आ गया
ये गर्मी, नरक की वही आग है
जहां पर पापी मरने के बाद पहुंचते हैं

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